पंचायतीराज संस्थाओं के आम चुनाव-2026 को लेकर राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की बैठक आयोजित
1 min readपंचायतीराज संस्थाओं के आम चुनाव-2026 को लेकर राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की बैठक आयोजित
उपजिला निर्वाचन अधिकारी ने चुनाव कार्यक्रम और आदर्श आचार संहिता की अक्षरशः पालना करने की दी जानकारी
धौलपुर,
राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा पंचायतीराज संस्थाओं के आम चुनाव-2026 की घोषणा के साथ ही जिले के संबंधित निर्वाचन क्षेत्रों में आदर्श आचार संहिता प्रभावी हो गई है। इसी क्रम में उपजिला निर्वाचन अधिकारी हरिराम मीना की अध्यक्षता में जिला कलेक्ट्रेट में मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की बैठक आयोजित हुई।
बैठक में उपजिला निर्वाचन अधिकारी ने चुनाव प्रक्रिया, निर्वाचन गतिविधियों और आदर्श आचार संहिता के प्रमुख प्रावधानों की जानकारी देते हुए सभी राजनीतिक दलों एवं संभावित अभ्यर्थियों से नियमों की पूर्ण पालना सुनिश्चित करने की अपील की।
उन्होंने चुनाव प्रचार सामग्री मुद्रण के संबंध में निर्देश देते हुए कहा कि प्रत्येक मुद्रित प्रचार सामग्री पर मुद्रक एवं प्रकाशक का नाम-पता, प्रसार संख्या तथा निर्धारित विवरण अंकित करना अनिवार्य होगा। साथ ही सार्वजनिक संपत्ति विरूपण संबंधी नियमों की भी सख्ती से पालना करनी होगी। उन्होंने बताया कि नामांकन के दौरान उम्मीदवार को किसी भी तरह की रैली के आयोजन की अनुमति नहीं होगी। जिला परिषद सदस्य के लिए अधिकतम तीन, पंचायत समिति सदस्य के लिए अधिकतम दो एवं सरपंच पद के लिए अधिकतम एक गाड़ी लाने की अनुमति होगी। निर्वाचन के परिणाम के पश्चात् विजय जुलूस निकाले जाने पर प्रतिबंध लगाया गया है। उन्होंने बताया कि चुनाव व्यय की अधिकतम सीमा जिला परिषद सदस्य पद के लिए 3 लाख रुपये तथा पंचायत समिति सदस्य पद के लिए 1.50 लाख रुपये तथा सरपंच के लिए एक लाख रुपए निर्धारित की गई है।
रात्रि 10 से सुबह 6 बजे तक पूर्ण प्रतिबंध
उपजिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि आदेश के अनुसार किसी भी चुनावी सभा, जुलूस, मंच, भवन, निजी अथवा राजकीय संपत्ति तथा वाहनों पर लगाए गए ध्वनि प्रसारक एवं विस्तारक यंत्रों अथवा लाउडस्पीकर का उपयोग रात्रि 10 बजे से प्रातः 6 बजे तक नहीं किया जा सकेगा।
वाहनों से प्रचार के लिए भी लेनी होगी अनुमति
टैक्सी, वैन, तिपहिया वाहन, साइकिल, रिक्शा अथवा अन्य वाहनों पर ध्वनि विस्तारक यंत्र लगाकर चुनाव प्रचार करने के लिए सक्षम प्राधिकारी से पूर्व अनुमति लेना अनिवार्य होगा।
सभा व जुलूस के लिए अनुमति जरूरी
सार्वजनिक सभा, जुलूस, चुनावी सभा, मंच, भवन अथवा निजी एवं राजकीय संपत्ति पर स्थिर रूप से लगाए जाने वाले ध्वनि प्रसारक एवं विस्तारक यंत्रों के उपयोग के लिए सक्षम प्राधिकारी से पूर्व लिखित अनुमति प्राप्त करना आवश्यक होगा।
नियमों का उल्लंघन किया तो होगी सख्त कार्रवाई
निर्धारित समयावधि के बाहर अथवा सक्षम प्राधिकारी की लिखित अनुमति के बिना ध्वनि व विस्तारक यंत्रों एवं लाउडस्पीकर का उपयोग पाए जाने पर पुलिस अधिकारियों द्वारा संबंधित उपकरणों एवं उससे जुड़े वाहन को जब्त किया जा सकेगा।
बैठक में भाजपा मण्डल सह प्रभारी पंकज शर्मा, कांग्रेस संगठन मंत्री साकेत बिहारी शर्मा, आप जिला अध्यक्ष मुवीन अहमद फारूकी सहित सम्बन्धित अधिकारी उस्थित रहे।

