स्कूल संचालक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत, कमरे में मिला शव
1 min readमैहर

स्कूल संचालक अनिल तिवारी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत, कमरे में मिला शव
मचा हड़कंप स्कूल पहुंचे बच्चों और शिक्षिका ने जब खटखटाया दरवाजा, अंदर से नहीं मिली कोई आहट
मैहर। मैहर के पुरानी बस्ती, उत्तर दरवाजा (वार्ड क्रमांक 11) में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब क्षेत्र के ‘सीमा शिशु विकास पूर्व माध्यमिक विद्यालय’ के संचालक अनिल तिवारी (50 वर्ष) अपने कमरे में मृत पाए गए। घटना की जानकारी मिलते ही इलाके में सनसनी फैल गई। पुलिस ने मर्ग कायम कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
सुबह जब नहीं खुला दरवाजा
प्राप्त जानकारी के अनुसार, अनिल तिवारी पिता पवन तिवारी, जो मूलतः हनुमना (रीवा) के निवासी थे, लंबे समय से मैहर में रहकर स्कूल का संचालन कर रहे थे। बुधवार सुबह जब रोज की तरह बच्चे और स्कूल की एक शिक्षिका विद्यालय पहुंचे, तो उन्होंने देखा कि प्राचार्य का कमरा अंदर से बंद है। काफी देर तक दरवाजा खटखटाने और आवाज देने के बाद भी जब अंदर से कोई जवाब नहीं मिला, तो अनहोनी की आशंका गहरा गई।
छत के रास्ते अंदर पहुंचे लोग
मौके पर मौजूद लोगों और ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष रमेश प्रजापति ने तुरंत डायल 112 को सूचना दी। पुलिस के पहुंचने के बाद स्थानीय निवासियों की मदद ली गई। एक युवक बगल की छत के रास्ते खिड़की से कमरे के भीतर दाखिल हुआ, जहाँ अनिल तिवारी बेसुध अवस्था में पड़े मिले। इसके बाद अंदर से दरवाजा खोला गया। आनन-फानन में उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने परीक्षण के उपरांत उन्हें मृत घोषित कर दिया।
अकेले रहते थे प्राचार्य
बताया गया है कि अनिल तिवारी घर में अकेले ही रहते थे और स्कूल की पूरी जिम्मेदारी संभालते थे। उनके परिजन शहर से बाहर रहते हैं, जिन्हें पुलिस द्वारा सूचना दे दी गई है। घटनास्थल की स्थिति को देखते हुए प्राथमिक अनुमान साइलेंट अटैक का लगाया जा रहा है, हालांकि पुलिस अन्य पहलुओं पर भी गौर कर रही है। थाना प्रभारी का वक्तव्य:
मैहर कोतवाली थाना प्रभारी अनिमेष द्विवेदी ने बताया कि, “शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था। मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा। फिलहाल मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी गई है।
