गीता हॉस्पिटल राजा पाल टंकी डॉ. पी.पी. पाण्डेय पर लगा गंभीर आरोप
1 min readप्रतापगढ़
गीता हॉस्पिटल राजा पाल टंकी डॉ. पी.पी. पाण्डेय पर लगा था लापरवाही का गम्भीर आरोप। शबनम बानो, निवासी पूरनपुर पटखान, ने शिकायत दर्ज कर लगाई थी न्याय की गुहार। 6 वर्षीय बेटे अयान के बाएं पैर में आई थी मोच। डॉ. पाण्डेय ने बच्चे को भर्ती कर दाएं पैर का कर दिया ऑपरेशन। परिजनों की शिकायत पर बाएं पैर में बाँधी पट्टी , लेकिन गलत पैर में हुए ऑपरेशन वाली जगह से खून बह रहा था। परिजनों के विरोध करने पर शबनम को 2-3 अज्ञात लोगों ने अस्पताल से धक्का मार कर भगा दिया था। शबनम ने डॉ. पाण्डेय और सहयोगियों पर कड़ी कार्रवाई व हॉस्पिटल का लाइसेंस रद्द करने की मांग की थी। तीन दिन बीत जाने के बाद भी स्वस्थ्य महकमा और जिला प्रशासन बना अनजान। क्या जिम्मेदारों को मिल गया नफा नाजायज़, क्या चंद सिक्कों की खनक ने जिम्मेदारों को कर दिया अंधा, इतनी घोर लापरवाही बाए पैर में लगी चोट दाएं पैर का हुआ ऑपरेशन इस तरह की लापरवाही करने वाले डॉक्टरों का क्या लाईसेंस निरस्त होना चाहिए। सूत्रों की माने तो शोसल मीडिया पर खबर चलने के बाद हॉस्पिटल टीम ने पीड़ित को क़रीब दो लाख नगद देकर कर पूरे मामले को किया मैनेज। क्या पैसों के दम पर धरती के भगवान किसी के साथ कुछ भी कर सकते है।

