आधी रात को ‘आम महिला’ बन बस स्टैंड पहुंचीं IPS 3 घंटे में फिर जो हुआ सब हैरान
1 min readरायबरेली

हैदराबाद मलकजगिरी की नवनियुक्त पुलिस आयुक्त (CP) वी. सुमति (IPS) ने पदभार संभालते ही महिलाओं की सुरक्षा को लेकर एक बड़ा अंडरकवर ऑपरेशन चलाया। यह ऑपरेशन 6 मई 2026 की रात हैदराबाद के भीड़भाड़ वाले दिलसुखनगर बस स्टैंड पर अंजाम दिया गया।
ऑपरेशन की पूरी कहानी
वेश बदलकर पहुंचीं अधिकारी: आईपीएस वी. सुमति ने एक साधारण महिला की तरह सूट-सलवार पहना और आधी रात (करीब 12:30 बजे) अकेले दिलसुखनगर बस स्टैंड पर खड़ी हो गईं। उनके साथ कोई सुरक्षा गार्ड या वर्दीधारी पुलिस नहीं थी।
3 घंटे का खौफनाक अनुभव: वह रात 12:30 से 3:30 बजे तक वहां रुकी रहीं। इस दौरान करीब 40 पुरुष उनके पास आए। इनमें से कई नशे में थे, कुछ छात्र थे और कुछ निजी कंपनियों के कर्मचारी।
भद्दी टिप्पणियां और छेड़खानी: रिपोर्ट के मुताबिक, वहां मौजूद पुरुषों ने उन्हें अकेला देख उन पर भद्दी टिप्पणियां कीं और परेशान करने की कोशिश की। कई लोग शराब और गांजे के नशे में धुत होकर उनके बेहद करीब पहुंच गए थे।
बैकअप टीम का एक्शन: सुमति अकेली नहीं थीं; सादे कपड़ों में पुलिस की टीमें कुछ ही दूरी पर तैनात थीं। जैसे ही स्थिति असहज हुई, बैकअप टीम ने तुरंत कार्रवाई की और 40 आरोपियों को हिरासत में लिया।
क्यों चलाया गया यह ऑपरेशन?
आईपीएस वी. सुमति यह परखना चाहती थीं कि रात के समय सार्वजनिक स्थानों पर अकेली महिला कितनी सुरक्षित है और पुलिस की गश्त (Patrolling) कितनी प्रभावी है।
”महिला सुरक्षा केवल कागजों या आंकड़ों तक सीमित नहीं होनी चाहिए। हमें जमीनी हकीकत का पता होना चाहिए ताकि हम कानून को और सख्त बना सकें।” – एक पुलिस अधिकारी के अनुसार
नतीजा और संदेश
पकड़े गए आरोपियों को पुलिस स्टेशन ले जाया गया, जहां उनकी काउंसलिंग की गई और सख्त चेतावनी देकर कानूनी कार्रवाई शुरू की गई। इस ऑपरेशन ने साबित कर दिया कि व्यस्त इलाकों में भी रात के समय महिलाओं के लिए स्थिति काफी चुनौतीपूर्ण है। सोशल मीडिया पर लोग आईपीएस सुमति के इस साहसी कदम की जमकर तारीफ कर रहे हैं।
