भीषण गर्मी का असर परिषदीय विद्यालयों के समय में बदलाव की मांग, महिला शिक्षक संघ ने सौंपा ज्ञापन
1 min readबांदा
प्रदेश में लगातार बढ़ रही भीषण गर्मी और तेज धूप को देखते हुए परिषदीय विद्यालयों के समय में संशोधन की मांग तेज हो गई है। वूमेन टीचर एसोसिएशन ऑफ उत्तर प्रदेश की प्रदेश अध्यक्ष सुलोचना मौर्या ने इस संबंध में बेसिक शिक्षा मंत्री, उत्तर प्रदेश सरकार को ज्ञापन सौंपकर विद्यालय समय में बदलाव की मांग की है।

ज्ञापन में कहा गया है कि वर्तमान समय में प्रदेश भर में अत्यधिक गर्मी के कारण जनजीवन प्रभावित हो रहा है। ऐसी स्थिति में परिषदीय विद्यालयों का संचालन सुबह 8:00 बजे से दोपहर 2:00 बजे तक किया जा रहा है, जो छात्रों और शिक्षकों के स्वास्थ्य के लिए चिंताजनक है। विशेष रूप से छोटे बच्चों पर लू और तेज धूप का खतरा अधिक बना हुआ है।
संघ ने यह भी उल्लेख किया कि कोविड-19 महामारी से पहले विद्यालयों का संचालन लगभग 5 घंटे तक सीमित था, जो राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के अनुरूप भी है। वर्तमान में निर्धारित समय अवधि अधिक होने के कारण बच्चों और शिक्षकों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है।
महिला शिक्षक संघ ने मंत्री से अनुरोध किया है कि जनहित और छात्रहित को ध्यान में रखते हुए विद्यालयों का समय सुबह 8:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक निर्धारित किया जाए, ताकि भीषण गर्मी से बचाव सुनिश्चित हो सके और शिक्षण कार्य प्रभावी ढंग से संचालित हो सके।
संघ ने उम्मीद जताई है कि इस गंभीर विषय पर सरकार सहानुभूतिपूर्वक विचार कर जल्द सकारात्मक निर्णय लेगी, जिससे प्रदेश के लाखों विद्यार्थियों और शिक्षकों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को सुनिश्चित किया जा सके।
