February 12, 2026

Awadh Speed News

Just another wordpress site

पीड़ित ने चक मार्ग, खलिहान, घूर गड्ढा, नवीन परती सहित परिषदीय विद्यालय की भूमि पर अवैध कब्जा हटवाने के लिए लगा रहा चक्कर

1 min read
Spread the love

अवैध कब्जा हटाने के लिए पीड़ित वृद्ध अधिकारियों की चौखट पर रगड़ रहा एड़ियां।

पीड़ित वृद्ध ने लेखपाल पर लगाया विपक्षी से मिली भगत कर सरकारी भूमि पर कब्जा कराने का आरोप।

मिल्कीपुर, अयोध्या।
मिल्कीपुर तहसील अंतर्गत कहुआ गांव में दबंगों द्वारा परिषदीय विद्यालय व खलिहान सहित अन्य सरकारी भूमि पर दबंगों द्वारा अवैध कब्जा किए जाने का मामला प्रकाश में आया है। सरकारी भूमि पर अवैध कब्जे की शिकायत पीड़ित द्वारा तहसील से लेकर जिला के उच्चाधिकारियों सहित मुख्यमंत्री से की गई है। हालांकि अधिकारियों द्वारा दो माह बीत जाने के बावजूद अभी तक मामले में कोई प्रभावी कार्यवाही नहीं की गई है।
बता दें कि मिल्कीपुर तहसील के कहुआ गांव निवासी हरिहर दत्त मिश्रा ने एसडीएम मिल्कीपुर को शिकायती पत्र देते हुए बताया था कि अभिलेखों में दर्ज चक मार्ग, खलिहान, घूर गड्ढा, नवीन आबादी शाहिद परिषदीय विद्यालय की भूमि पर गांव के अरुण तिवारी पुत्र सोभदत्त द्वारा अवैध अतिक्रमण किया गया है जिसे हटाया जाए तथा उनके विरुद्ध कार्यवाही भी कराई जाए। लेकिन तहसील प्रशासन द्वारा मामले में कार्यवाही ना होता देख पीड़ित ने जिला अधिकारी अयोध्या का दरवाजा खटखटाया। जिलाधिकारी को शिकायती पत्र देते हुए पीड़ित ने उक्त भूमि से दबंगों का अवैध अतिक्रमण हटाकर उनके खिलाफ कार्यवाही भी कराई जाने की मांग की थी। जब जिलाधिकारी द्वारा भी मामले में कार्यवाही नहीं की गई तो पीड़ित ने मामले की शिकायत सरकार की महत्वाकांक्षी शिकायत प्रणाली के माध्यम से मुख्यमंत्री से की है। पीड़ित का आरोप है कि विपक्षी दबंग व भूमाफिया है जिसकी तहसील व ब्लाक के अधिकारियों व कर्मचारियों से अच्छी पकड़ है। जिसके चलते क्षेत्रीय लेखपाल की मिली भगत से वह ग्राम सभा व सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा करने में पीछे नहीं है तथा तहसील के अधिकारियों व कर्मचारियों द्वारा झूठी व भ्रामक रिपोर्ट प्रेषित करके अपने उच्च अधिकारियों को गुमराह करके कब्जा सुदा भूमि को कब्जा मुक्त भूमि बताया जा रहा है। पीड़ित विगत दो महीना से अधिकारियों की चौखट पर सरकारी भूमि को कब्जा मुक्त करने के लिए एरिया रगड़ रहा है लेकिन अधिकारियों की कान में जूं तक नहीं रेंग रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *