चकबंदी विभाग पर गंभीर आरोप, ग्रामीणों ने दी अनशन की चेतावनी
1 min readबांदा में चकबंदी विभाग पर गंभीर आरोप, ग्रामीणों ने दी अनशन की चेतावनी
बांदा
ग्राम लोहरा, थाना मटौंध के निवासियों ने चकबंदी विभाग के अधिकारियों पर भूमाफियाओं को लाभ पहुंचाने का आरोप लगाया है। ग्रामीणों ने 25 मई तक सही पैमाइश न होने पर अशोक लाट चौराहा कचहरी पर परिवार सहित अनशन की चेतावनी दी है।
ग्राम लोहरा निवासी रामहित पुत्र तुलसीदास और श्यामसुन्दर पुत्र गद्दू ने जिलाधिकारी बांदा को प्रार्थना पत्र सौंपा है। आरोप है कि चकबंदी विभाग के कानूनगो हरिशंकर सोनी व नायब साहब ने भूमाफियाओं को अवैध गाटे व अधिक भूमि चकों में नाप कर दे दी है।
प्रार्थीगणों का कहना है कि बंदोबस्त अधिकारी द्वारा प्रदत्त गाटों को हटाकर उन्हें बीहड़ भूमि में आधी नाप कर दी गई है।
विरोध करने पर धमकाया जाता है कि “ज्यादा कानून दिखाओगे तो पूरा जीवन कोर्ट के चक्कर लगाओगे”।
17 मई को हुई पैमाइश, नहीं हुई सुनवाई
17 मई 2026 रविवार को पैमाइश की गई थी। प्रार्थी ने 18 मई से जिला स्तर व प्रदेश स्तर पर रजिस्टर्ड डाक से सूचनाएं भेजी हैं, लेकिन अभी तक कोई सुनवाई नहीं हुई। बंदोबस्त अधिकारी ने सिर्फ “दो-चार दिन में होगा” का आश्वासन दिया है।
“फर्जी दौरा दिखाकर लौट जाते हैं”
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि कर्मचारी मनमाने तरीके से दबंगों-भूमाफियाओं को लाभ पहुंचा रहे हैं। फर्जी दौरा दिखाकर गांव के बाहर से ही वीडियो बनाकर लौट जाते हैं।
प्रार्थी रामहित ने कहा कि यदि 25 मई 2026 सोमवार तक गाटों के चकों की वास्तविक पैमाइश नहीं कराई गई तो वे परिवार सहित अशोक लाट चौराहा कचहरी बांदा पर अनशन करने को विवश होंगे, जिसके जिम्मेदार शासन-प्रशासन होंगे।


