आउटसोर्स कर्मियों ने पावर कारपोरेशन के खिलाफ प्रदर्शन किया
1 min readअयोध्या।
विद्युत विभाग के आउटसोर्स कर्मचारियों ने सोमवार को अधीक्षण अभियंता कार्यालय अयोध्या पर शाम 4 बजे पावर कॉर्पोरेशन प्रबंधन के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए 29 नवंबर 2025 को जारी किए गए कार्यवृत्त (मिनट्स ऑफ मीटिंग) की प्रतियां जलाईं।कर्मचारियों का आरोप है कि 26 नवंबर 2025 को शक्ति भवन, लखनऊ में निदेशक (कार्मिक प्रबंधन एवं प्रशासन) की अध्यक्षता में हुई बैठक में बनी सहमति के अनुरूप 29 नवंबर 2025 को कार्यवृत्त जारी नहीं किया गया। इसी असहमति के कारण संगठन ने यह विरोध प्रदर्शन किया।उनकी मुख्य मांगों में विद्युत उपकेंद्रों के परिचालन व अनुरक्षण कार्य में तैनात कर्मचारियों की छंटनी रोकने, छंटनी के बाद मानक निर्धारित करने हेतु समिति का गठन करने और 18 सितंबर 2025 के आदेश का पालन करते हुए कार्य के अनुरूप अनुबंध करने की मांग शामिल थी।कर्मचारियों ने 18,000 रुपये वेतन निर्धारित करने, मार्च 2023 में हटाए गए कर्मचारियों को वापस लेने, घायल कर्मचारियों का कैशलेस इलाज कराने की मांग की।संगठन ने भ्रष्ट ठेकेदारों के खिलाफ कार्रवाई न करने, मीटर रीडरों को न्यूनतम वेतन के हिसाब से भुगतान न करने और स्मार्ट मीटर लगने की स्थिति में उन्हें कार्य से हटाने की आशंका पर भी चिंता व्यक्त की। इस मौके पर उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन संविदा कर्मचारी संघ के जोन महामंत्री विनोद कुमार श्रीवास्तव, उपाध्यक्ष श्री नाथ तिवारी समेत बड़ी संख्या में आउटसोर्स संविदा कर्मी मौजूद रहे।

