51 गरीब, अनाथ और दिव्यांग कन्याओं का होगा निःशुल्क सामूहिक विवाह, करें आवेदन
1 min readधौलपुर, राजस्थान।
एक पहल भारतीय संस्कृति की ओर:
गोवर्धन में 51 गरीब, अनाथ और दिव्यांग कन्याओं का होगा निःशुल्क सामूहिक विवाह
बसंत पंचमी पर 11 फरवरी 2027 को रमणरेती आश्रम में होगा आयोजन, बाड़ी में तीन स्थानों पर भरे जाएंगे विवाह पंजीकरण
बाड़ी,
सामाजिक समरसता, सेवा और भारतीय संस्कृति के संरक्षण की दिशा में संस्कृत संस्कृति विकास संस्थान न्यास, गोवर्धन की ओर से एक सराहनीय पहल की जा रही है। राष्ट्रीय अध्यक्ष विवाह प्रकल्प विनोद जिंदल एडवोकेट ने एक साक्षात्कार के दौरान बताया के न्यास की ओर से 51 गरीब, अनाथ एवं दिव्यांग कन्याओं के विवाह के लिए प्रथम सर्वजातीय निःशुल्क सामूहिक विवाह समारोह आयोजित किया जाएगा। यह आयोजन 11 फरवरी 2027, गुरुवार को बसंत पंचमी के पावन अवसर पर उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले में गोवर्धन स्थित रमणरेती आश्रम, आन्यौर में साधु-संतों की उपस्थिति में संपन्न होगा।
आयोजन का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की विवाह योग्य कन्याओं के विवाह में सहयोग करना तथा सामाजिक समरसता और सर्वजातीय एकता को बढ़ावा देना है। न्यास की ओर से हिंदू समाज के बंधुओं से अपील की गई है कि वे पात्र परिवारों तक इस पहल की जानकारी पहुंचाएं और विवाह योग्य युवक-युवतियों के पंजीकरण में सहयोग करें, ताकि जरूरतमंद परिवार इस निःशुल्क सामूहिक विवाह समारोह का लाभ उठा सकें।
कन्यादान में गृहस्थी का आवश्यक सामान भी मिलेगा,
सामूहिक विवाह समारोह में विवाह करने वाली कन्याओं को गृहस्थ जीवन की शुरुआत के लिए आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराने की योजना है। कन्यादान सामग्री में फ्रिज, चांदी की पायल व बिछुआ, गोदरेज प्रकार की अलमारी, प्लास्टिक कूलर, 32 इंच की एलईडी, गद्दे और अन्य बिस्तर सामग्री सहित डबल बेड, ग्राइंडर-मिक्सर, प्रेस, श्रृंगारदानी व श्रृंगार किट तथा सिलाई मशीन शामिल हैं। इसके अतिरिक्त वर-वधू के शादी के कपड़े, कन्या की विदाई के समय 2100 रुपये का नकद लिफाफा और अन्य आवश्यक घरेलू सामान भी सूची में शामिल किया गया है।
15 दिसंबर तक करा सकेंगे पंजीकरण,
एडवोकेट विनोद जिंदल ने एक साक्षात्कार के दौरान कहा है कि
विवाह समारोह के लिए आवेदन फॉर्म भरने की अंतिम तिथि 15 दिसंबर 2026, मंगलवार निर्धारित की गई है। बाड़ी में इच्छुक परिवार रवि मोदी (सर्राफ), प्रदीप बंसल (पंसारी) और पवन गोयल (गुमट) के यहां से फॉर्म भरने एवं पंजीकरण संबंधी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
न्यास के विवाह प्रकल्प के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जिंदल एडवोकेट ने बताया कि विवाह समारोह में पात्र युवक-युवतियों के पंजीकरण में समाज के लोगों को सहयोग करना चाहिए। अधिक जानकारी के लिए मोबाइल नंबर 9413834080 पर संपर्क किया जा सकता है।
आयोजन से जुड़े प्रमुख पदाधिकारी,
विवाह प्रकल्प के राष्ट्रीय सचिव अनिल सिंघल (अग्रोहा ग्रुप), राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष कमलेश मंगल (मेडिकल) तथा राष्ट्रीय सहसचिव विनोद बिंदल (व्याख्याता) आयोजन की व्यवस्थाओं से जुड़े हैं। संस्थान की ओर से परमपूज्य प्रो. के. रविशंकर मेनन को बीज संस्थापक तथा प्रो. राधागोविंद त्रिपाठी को संरक्षक एवं मुख्य संस्थापक बताया गया है। धौलपुर के डॉ. रामअवतार अग्रवाल और डॉ. रेनू अग्रवाल को इस आयोजन का प्रेरणापुंज बताया गया है।
न्यास की इस पहल से जरूरतमंद परिवारों को बेटियों के विवाह में आर्थिक सहयोग मिलने के साथ सामाजिक सहभागिता और सेवा भावना को प्रोत्साहन मिलने की उम्मीद है। आयोजकों ने समाज के सक्षम लोगों से भी अपील की है कि वे पात्र परिवारों तक सूचना पहुंचाकर इस पुनीत कार्य में सहयोग करें।


